कन्नूर, केरल में माकपा के कार्यकर्ताओं का संघ स्वयंसेवको पर कहर, इस राष्ट्रीय शर्मनाक घटना की निन्दा की जानी चाहिऐ, किन्तु सेक्यूलर नेताओं और सेक्यूलर मीडिया को माकपा का यह कुकृत्य नही दिखेगा। क्योकि ऐसे लोगों को गोधरा नही दिखता सिर्फ गुजरात दिखता है।






8 टिप्पणियाँ:
20 March, 2008 15:12
मेरे भाई जरा ये सब गाजा की चिंता करने वाले अंधो को भी दिखाओ,जो हमेशा आर एस एस को गालिया देने मे अपनी शक्ती लगाते रहते है,
20 March, 2008 15:12
अरे भई, जुल्म की कोई जाति नहीं होती, कोई धर्म नहीं होता। बात चाहे किसी भी पंथ की हो अथवा किसी भी विचारधारा की, मारा तो हमेशा कमजोर ही जाता है। क्या आपने कभी किसी पंथ के मुखिया पर इस तरह के अत्याचार होते देखा है? इसलिए मेरा सुझाव है कि इस तरह की घटनाओं की आप निंदा तो करें, पर उसे गोधरा या गुजरात से न जोडें।
20 March, 2008 18:01
प्रमेन्द्रजी,
जाहिर है ये फ़ोटो आपने तो नहीं खींचे, और अगर आपने नहीं खींचे तो आपको कहीं से मिले ।
जब तक आप ये नहीं बतायेंगे कि इन फ़ोटो का मूल स्रोत क्या है तब तक कहना मुश्किल है कि ये सत्य है या किसी वेबसाईट का अर्धसत्य परोसने का कृत्य ।
आप अगर अपना स्रोत सार्वजनिक करें तो पता चले वरना सिर्फ़ इन फ़ोटो को देखकर किसी भी प्रकार की टिप्पणी करना अनुचित होगा ।
साभार,
नीरज
21 March, 2008 02:08
नीरज जी की बात से सहमत
पहले मामला कन्फर्म हो किसने फोटो खींचे यह भी पता चले।
वैसे है वाकई चिंता की बात
21 March, 2008 15:15
वाह भाई वाह... इस बात की चिंता तो सभी को हो रही है कि फोटो किसने खींचे.... अरे इसकी भी चिंता करो कि ये काम किसने करा और इसके पीछे क्या मंशा है.....
05 April, 2008 12:58
JAB TALAK KAHIN AAG NAHI LAGTI TAB TALAK DHUA BHI NAHI UTHTA HAI
AUR AISA AMANVIYA KRITYA DEKHNE KE BAAD BHI HAM APAS ME BAD VIBAD KAREN YAH HAME SHOBHA NAHI DETA AAJ RASTRABHAKTO KE SATH HO RAHA YAH DURGATI HAM SAB KE LIYE ABHISHAP HAI
05 April, 2008 14:54
julm ki jaati hoti hai
yeh to islam humen 1000 saal pehle hi bata chuka hai.
12 April, 2008 17:04
Ye communist wo log hai jo apni maase bhi subut mangte hai ki hamare gharme jo reh raha hai vomera baap haiya nahi.... Leninko uske deshne bhula diya to hum in akkalke andhoko kyu Kerala, W. Bengal aur Tripurame chunke late hai?
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